कैसी गलती शबाब कर बैठा , दिल मेरा इन्तखाबा कर बैठा |
ये समझकर झिंदगी तुम हो , झिंदागाणी खराब कर बैठा ||
दिल लगाया था दिल्लगी के लिये , बन गया रोग झिंदगीकेलीये
दिल लगाया था दिल्लगी के लिये,
दिल लगाया था दिल्लगी के लिये
आप कि मांगमै सितारे है , हम तरसाराहे है रोशनी केलिये
दिल लगाया था दिल्लगी के लिये,
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